रहस्यमयी गर्ल्स हॉस्टल (भाग-2) अनुषी की मौत का सच सामने आ चुका था । गीतांजलि मैम जैसे ही आंख खोलती हैं अपने सामने रूचि को देख एक पल को अनुषी समझ बेड से गिर जाती हैं ,डर उनके चेहरे पर साफ झलक रहा था ....माथे से पसीने टपक रहे थे और गिरने से उनको चोट आई थी जो अब आभास नहीं हो रहा था उस वक्त वह गहरी नींद से जागी थी और रूचि इस बार उनके सारे राज जान चुकी थी किन्तु......रूचि का इस तरह बूत बनकर खड़े रहना गीतांजलि के शक को मजबूत करता गया ,उन्हें एक और डॉ सताने लगा कि कहीं रूचि ने उनका बड़बड़ाना सुन तो नहीं लिया....? क्या रूचि को अनुषी के मौत का सच पता चल चुका है ...? अपने ही बनाये षड्यंत्रों में। आज वह बुरी तरह फंस चुकी थी ....गीतांजलि मैडम सोचते हुए ,,,,,, अपने आप को संभाला और फट से उठकर अपने बेड पर बैठ गई और बूत बनी रूचि की तरफ झल्लाते हुए,,,,,, 'तूँ यहां क्यों खड़ी है ....मेरा मजाक उडाने आयी है...' क्यों ..? चल जा अपने कमरे में ! रूचि जैसे ही मुड़ी मैडम ने फिर आवाज लगाया ..'सुन लड़की ' .....रूचि पीछे मुड़ी ...मैडम ने कड़े चेतावनी के साथ बोला"अगर तूने किसी को क...
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